पीने की क्या जरूरत थी

पीने की क्या जरूरत थी

एक शराबी सड़क के किनारे बहुत ज्यादा पीने के कारण लगभग बेसुध सा पड़ा हुआ था।
टूटाराम ने उसके पास आकर पूछा – “आखिर इतनी ज्यादा पीनेकी क्या जरूरत थी ?
फूटाराम – “मजबूरी थी…
पीने के अलावा और कोई चारा ही नहीं था..।
टूटाराम – “आखिर ऐसी क्या मजबूरी हो गई थी ?”
फूटाराम – “बोतल का ढक्कन गुम हो गया था